📌 अपडेट (मार्च 2026): नंद बाबा दुग्ध मिशन के अंतर्गत योजनाओं में आवेदन हेतु पंजीकरण प्रारम्भ हो चुका है — nandbabadugdhmission.up.gov.in पर। UP सरकार इस Mission पर अगले 5 वर्षों में ₹1,000 करोड़ खर्च करेगी।
नंद बाबा दुग्ध मिशन (NBDM) उत्तर प्रदेश सरकार का एक ambitious dairy scheme है, जिसका उद्देश्य राज्य को दुग्ध उत्पादन में आत्मनिर्भर और अग्रणी बनाना है। इसके अंतर्गत 3 मुख्य योजनाएं चलती हैं — (1) मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन योजना (2 गाय पर ₹80,000 सब्सिडी), (2) मिनी नंदिनी कृषक समृद्धि योजना (10 गाय पर ₹11.80 लाख), और (3) नंदिनी कृषक समृद्धि योजना (25 गाय पर ₹31.25 लाख)। साहीवाल, गिर, थारपारकर और हरियाणा जैसी देशी उन्नत नस्लों को बढ़ावा देकर दूध उत्पादन बढ़ाना और पशुपालकों की आय बढ़ाना इस Mission का core goal है।
Table of Contents
नंद बाबा दुग्ध मिशन एक नज़र में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| Mission का नाम | नंद बाबा दुग्ध मिशन (NBDM) |
| राज्य | उत्तर प्रदेश |
| शुरुआत | 2023 — CM योगी आदित्यनाथ |
| कुल Mission Budget | ₹1,000 करोड़ (5 वर्षों में) |
| नोडल विभाग | दुग्धशाला विकास विभाग, UP |
| Helpline | 0522-3128643 |
| Official Portal | nandbabadugdhmission.up.gov.in |
| Target देशी नस्लें | साहीवाल, गिर, थारपारकर, हरियाणा |
| Coverage | UP के 75 जिले (समस्त जनपद) |
| Monitoring | प्रदेश स्तर — मुख्य सचिव; जनपद स्तर — DM |
नंद बाबा दुग्ध मिशन क्यों शुरू हुआ?
उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा दूध उत्पादक राज्य है — लेकिन यहाँ की ज़्यादातर गायें विदेशी cross-breeds हैं जो अधिक दूध तो देती हैं, लेकिन उनके दूध की quality और A2 protein content पर सवाल उठते हैं। साथ ही, छोटे पशुपालकों के पास बेहतर देशी नस्ल की गाय खरीदने के लिए पर्याप्त पैसे नहीं थे।
नंद बाबा दुग्ध मिशन इन दोनों समस्याओं को एक साथ solve करने की कोशिश है — किसानों को देशी नस्ल की गाय खरीदने के लिए भारी subsidy देना, ताकि दूध की quality भी बढ़े और पशुपालकों की आय भी।
Mission के तीन स्तंभ हैं — पहला, देशी नस्ल की गायों की संख्या बढ़ाना। दूसरा, हर गांव में Milk Cooperative Societies बनाना ताकि किसान को गांव में ही उचित दाम मिले। तीसरा, पूरे प्रदेश में गाय पालने वालों का डेटाबेस बनाना।
UPSC/State PCS Perspective: यह Mission, UP Dairy Development and Milk Products Promotion Policy 2022 का operational arm है। यह National Mission for Bovine Productivity और Rashtriya Gokul Mission से State-level convergence का उदाहरण है — जहाँ Central scheme की genetic improvement focus को State-level enterprise creation से जोड़ा गया।
3 Schemes — एक नज़र में तुलना
| Scheme 1 | Scheme 2 | Scheme 3 | |
|---|---|---|---|
| नाम | मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन योजना | मिनी नंदिनी कृषक समृद्धि | नंदिनी कृषक समृद्धि |
| Unit Size | 2 गाय | 10 गाय | 25 गाय |
| कुल लागत | ₹2 लाख | ₹23.60 लाख | ₹62.50 लाख |
| Subsidy % | 40% | 50% | 50% |
| अधिकतम अनुदान | ₹80,000 | ₹11.80 लाख | ₹31.25 लाख |
| किसके लिए | नए/छोटे पशुपालक | मध्यम पशुपालक | अनुभवी/बड़े पशुपालक |
| Experience | नहीं | 3 साल | 3 साल |
| Coverage | 75 जिले | 75 जिले | 18 मंडल जिले |
Scheme 1 — मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन योजना
क्या मिलता है?
2 गाय की इकाई (₹2 लाख लागत) पर 40% सब्सिडी = अधिकतम ₹80,000 — DBT से सीधे बैंक खाते में।
- 50% सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित
- Selection: e-Lottery (Lucky Draw) के through
- गाय: गिर, साहीवाल, हरियाणा, थारपारकर — बाहर के राज्यों (पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, गुजरात) से खरीदनी होगी
- प्रथम या द्वितीय ब्यात की गाय होनी चाहिए
- गाय खरीदने के 1 महीने के अंदर subsidy आवेदन करना होगा
किसके लिए?
नए पशुपालक जिनके पास 3 साल का experience नहीं — यह scheme उनके लिए best entry point है। पहले यहाँ से शुरू करें, अनुभव बनाएं, फिर मिनी नंदिनी में आवेदन करें।
Scheme 2 — मिनी नंदिनी कृषक समृद्धि योजना
क्या मिलता है?
10 देशी गाय की Unit पर ₹23.60 लाख लागत का 50% = ₹11.80 लाख अनुदान — 2 चरणों में:
- पहला चरण (25%) — Infrastructure तैयार होने पर
- दूसरा चरण (25%) — गाय खरीदने के बाद
| हिस्सा | % | राशि |
|---|---|---|
| सरकारी अनुदान | 50% | ₹11.80 लाख |
| Bank Loan | 35% | ₹8.26 लाख |
| लाभार्थी अंश | 15% | ₹3.54 लाख |
Scheme 3 — नंदिनी कृषक समृद्धि योजना
क्या मिलता है?
25 देशी गाय की बड़ी Unit पर ₹62.50 लाख लागत का 50% = ₹31.25 लाख अनुदान — 3 चरणों में।
यह scheme 18 मंडल जिलों में लागू है — सभी 75 जिलों में नहीं।
ज़रूरत:
- 3 साल गो/महिष पालन का अनुभव
- Infrastructure के लिए 0.5 एकड़ + चारे के लिए 1.5 एकड़ भूमि
- कामधेनु/मिनी-माइक्रो कामधेनु/मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन के पूर्व लाभार्थी eligible नहीं
Scheme 4 — मुख्यमंत्री प्रगतिशील पशुपालक प्रोत्साहन योजना
यह Mission की incentive scheme है — देसी नस्ल की गाय पालने पर दूध उत्पादन के आधार पर ₹10,000 या ₹15,000 प्रति गाय — अधिकतम 2 गायों के लिए = ₹30,000 तक।
- गाय की ब्यात के 45 दिन के अंदर आवेदन करें
- DBT से सीधे बैंक खाते में
मिशन की विशेषताएं
Milk Cooperative Societies
हर गांव में दुग्ध सहकारी समितियां बनाई जा रही हैं, जिससे किसानों को उनके दूध का उचित मूल्य गांव में ही मिल सके।
Cow Database
पूरे प्रदेश में गाय पालने वालों का database बनाया जाएगा — ताकि monitoring और targeting दोनों बेहतर हों।
Policy Alignment
Mission का ताल-मेल UP Dairy Development and Milk Products Promotion Policy 2022 से बिठाया गया है।
कौन सी Scheme आपके लिए सही है?
| अगर आप… | तो यह Scheme चुनें |
|---|---|
| नए पशुपालक हैं, अनुभव नहीं | Scheme 1 — मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन |
| 3 साल अनुभव है, मध्यम unit चाहते हैं | Scheme 2 — मिनी नंदिनी |
| अनुभवी, बड़ी dairy चाहते हैं | Scheme 3 — नंदिनी कृषक समृद्धि |
| पहले से देशी गाय है | Scheme 4 — प्रगतिशील पशुपालक प्रोत्साहन |
Apply कैसे करें?
Step 1: nandbabadugdhmission.up.gov.in पर जाएं
Step 2: “पंजीकरण करें” पर click करें
Step 3: Aadhaar और Mobile Number से Register करें
Step 4: Login करके अपनी Scheme select करें
Step 5: Personal details, भूमि और अनुभव के documents upload करें
Step 6: Submit — Scheme 1 में e-Lottery के through selection होगा
Step 7: Selected होने पर गाय खरीदें → Subsidy DBT से आएगी
संबंधित योजनाएं
- मिनी नंदिनी कृषक समृद्धि योजना →
- राष्ट्रीय गोकुल मिशन 2026 →
- किसान क्रेडिट कार्ड (KCC-AH&F) →
- प्रधानमंत्री मुद्रा योजना 2026 →
- लखपति दीदी योजना 2026 →
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
नंद बाबा दुग्ध मिशन क्या है?
UP सरकार का एक Dairy Mission — ₹1,000 करोड़ के बजट से देशी गाय पालन को बढ़ावा देने और पशुपालकों की आय बढ़ाने के लिए।
नंद बाबा दुग्ध मिशन के अंतर्गत कौन-कौन सी schemes हैं?
4 schemes — मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन (₹80,000), मिनी नंदिनी (₹11.80 लाख), नंदिनी कृषक समृद्धि (₹31.25 लाख), और प्रगतिशील पशुपालक प्रोत्साहन (₹30,000 तक)।
सबसे छोटी scheme कौन सी है?
मुख्यमंत्री स्वदेशी गौ-संवर्धन योजना — 2 गाय पर ₹80,000 सब्सिडी — नए पशुपालकों के लिए।
Apply कहाँ करें?
nandbabadugdhmission.up.gov.in पर online।
कौन सी नस्ल की गाय इसमें शामिल हैं?
साहीवाल, गिर, थारपारकर और हरियाणा नस्ल।
क्या महिलाएं Apply कर सकती हैं?
हाँ — Scheme 1 में 50% सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं।
Selection process क्या है?
Scheme 1 में e-Lottery (Lucky Draw) से selection होता है।
क्या पहले से किसी scheme का लाभ ले चुके हैं तो apply कर सकते हैं?
नहीं — कामधेनु/मिनी-माइक्रो कामधेनु/गौ-संवर्धन के पूर्व लाभार्थी Nandini Krishak Samridhi के लिए eligible नहीं।
Mission की Helpline क्या है?
0522-3128643
Mission का बजट कितना है?
5 वर्षों में ₹1,000 करोड़।
आधिकारिक स्रोत
- नंद बाबा दुग्ध मिशन, UP — nandbabadugdhmission.up.gov.in
- दुग्धशाला विकास विभाग, UP — updairydevelopment.gov.in
Sarita Mishra is the founder and chief author of Sarakari Yojna, India’s
Hindi-language hub for government welfare schemes. With 17+ years of
experience researching central and state government programs, she
specializes in rural development schemes, pension programs, farmer
welfare initiatives, and women’s empowerment policies. All articles on
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