📌 अपडेट (सितंबर 2024): केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 11 सितंबर 2024 को PMGSY-IV को मंजूरी दी — 2024-25 से 2028-29 की अवधि के लिए ₹70,125 करोड़ के परिव्यय के साथ 62,500 किलोमीटर नई सड़कों का निर्माण और 25,000 असंबद्ध बस्तियों को connectivity देना इसका लक्ष्य है। साथ ही दिसंबर 2025 में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) ने 25 साल पूरे कर लिए — अब तक 7,87,520 किलोमीटर सड़कें पूरी हो चुकी हैं।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) की शुरुआत 25 दिसंबर 2000 को की गई थी — ताकि असंबद्ध बस्तियों को सभी मौसम में सड़क संपर्क (All Weather Road Connectivity) प्रदान किया जा सके। यह एक केंद्र प्रायोजित योजना है — ग्रामीण विकास मंत्रालय के अंतर्गत। 25 साल में लगभग 8,00,000 किलोमीटर ग्रामीण सड़कें बनाई गई हैं और 1,80,000 बस्तियों को जोड़ा गया है। अब PMGSY-IV (2024-2029) में 62,500 km नई सड़कें और 25,000 बस्तियां शामिल हैं।
Table of Contents
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना एक नज़र में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| योजना का नाम | प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) |
| Launch | 25 दिसंबर 2000 |
| 25 वर्ष पूरे | दिसंबर 2025 |
| नोडल मंत्रालय | ग्रामीण विकास मंत्रालय |
| Implementing Agency | NRIDA (National Rural Infrastructure Dev. Agency) |
| अब तक Approved | 8,25,114 km |
| अब तक Complete | 7,87,520 km (दिसंबर 2025 तक) |
| बस्तियां जुड़ीं | 1,80,000+ |
| PMGSY-IV Budget | ₹70,125 करोड़ (केंद्र ₹49,087.5 cr + राज्य ₹21,037.5 cr) |
| PMGSY-IV Target | 62,500 km नई सड़कें |
| PMGSY-IV Habitations | 25,000 असंबद्ध बस्तियां |
| PMGSY-IV Period | 2024-25 से 2028-29 |
| PMGSY-IV Employment | 40 करोड़ मानव-दिवस रोज़गार |
| Official Portal | pmgsy.dord.gov.in |
| Meri Sadak App | Complaint/Feedback के लिए |
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) क्या है — और इसकी ज़रूरत क्यों थी?
25 दिसंबर 2000 को शुरू की गई प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना का उद्देश्य दूरस्थ ग्रामीण बस्तियों को हर मौसम में सड़क संपर्क उपलब्ध कराना था।
2000 में जब यह योजना शुरू हुई, देश के हज़ारों गांव ऐसे थे जो बरसात में पूरी तरह कट जाते थे। किसान अपनी फसल मंडी तक नहीं पहुंचा पाते थे। बीमार आदमी को अस्पताल ले जाना मुश्किल था। बच्चे स्कूल नहीं जा पाते थे।
समय के साथ यह योजना कृषि विकास, रोजगार सृजन, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच बढ़ाने तथा गरीबी उन्मूलन का एक प्रभावी माध्यम बन गई है।
UPSC/State PCS Perspective: PMGSY, India के “Garibi Hatao” strategy का infrastructure dimension है। Rural connectivity और poverty reduction के बीच direct correlation — Datt & Ravallion (World Bank) के studies ने proven किया है कि rural roads reduce agricultural cost, increase farm income और improve human capital investment (education, health). नई सड़कें दूरदराज के ग्रामीण इलाकों में सामाजिक-आर्थिक विकास को बढ़ावा देंगी तथा शिक्षा, स्वास्थ्य, बाज़ार और विकास केंद्रों तक पहुँच में सुधार करेंगी।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना पात्रता — कौन सी बस्तियां Connected होंगी?
| क्षेत्र | जनसंख्या शर्त |
|---|---|
| मैदानी क्षेत्र | 500 से अधिक जनसंख्या वाली बस्तियां |
| उत्तर-पूर्व और हिमालयी राज्य | 250 से अधिक जनसंख्या वाली बस्तियां |
| वामपंथी उग्रवाद प्रभावित ब्लॉक | 100 से अधिक जनसंख्या वाली बस्तियां |
PMGSY-III और IV में GRAM (Gramin Agricultural Markets), उच्च माध्यमिक विद्यालय और अस्पताल से सड़क connectivity को भी priority दी जा रही है।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के चार चरण — पूरी Timeline
PMGSY-I (2000 से)
PMGSY-I को जनगणना 2001 के अनुसार मैदानी क्षेत्रों में 500+ जनसंख्या और उत्तर-पूर्व/हिमालयी राज्यों में 250+ जनसंख्या वाली सड़क से वंचित बस्तियों को जोड़ने के लिए शुरू किया गया।
मुख्य उपलब्धियां:
- 1,78,184 पात्र बस्तियों में से 1,71,494+ को connect किया गया
- वामपंथी उग्रवाद प्रभावित ब्लॉकों को 2013 में शामिल किया गया (100-249 जनसंख्या)
PMGSY-II (मई 2013)
मौजूदा ग्रामीण सड़क नेटवर्क के 50,000 km का upgradation। लगभग 49,885 km स्वीकृत।
RCPLWEA (2016-17 से)
9 राज्यों (आंध्र प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़, झारखंड, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, ओडिशा, तेलंगाना और उत्तर प्रदेश) के 44 जिलों में वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों में सामरिक महत्व की सड़कें।
PMGSY-III (2019 से 2024-25)
PMGSY-III योजना के तहत, राज्यों में 1,25,000 किलोमीटर सड़क की लंबाई को समेकित करने का प्रस्ताव है। ग्रामीण कृषि बाजारों, उच्च माध्यमिक विद्यालयों और अस्पतालों को जोड़ने पर focus।
🆕 PMGSY-IV (2024-25 से 2028-29) — सबसे बड़ा Update
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने PMGSY-IV को मंजूरी दी, जिसमें 62,500 किलोमीटर नई सभी मौसम सड़कों का निर्माण करके ग्रामीण कनेक्टिविटी बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| Cabinet Approval | 11 सितंबर 2024 |
| कुल Budget | ₹70,125 करोड़ |
| केंद्र का हिस्सा | ₹49,087.50 करोड़ |
| राज्य का हिस्सा | ₹21,037.50 करोड़ |
| Target Roads | 62,500 km |
| Target Habitations | 25,000 असंबद्ध बस्तियां |
| Employment Target | 40 करोड़ मानव-दिवस |
| Period | 2024-25 से 2028-29 |
PMGSY-IV सड़क निर्माण के तहत अंतरराष्ट्रीय मानकों और सर्वोत्तम प्रथाओं को शामिल किया जाएगा — जैसे Cold Mix Technology, Waste Plastic, Panelled Cement Concrete, Full Depth Reclamation, Fly Ash, Steel Slag।
PMGSY-IV सड़क alignment योजना PM Gati Shakti Portal के माध्यम से बनाई जाएगी।
25 साल की उपलब्धियां — Progress Report
अपनी शुरुआत से लेकर अब तक PMGSY के तहत कुल 8,25,114 किलोमीटर ग्रामीण सड़कों को मंजूरी दी गई है, जिनमें से 7,87,520 किलोमीटर सड़कें दिसंबर 2025 तक पूरी हो चुकी हैं — जो लगभग 95 प्रतिशत भौतिक प्रगति को दर्शाती हैं।
| Metric | आंकड़ा |
|---|---|
| कुल Approved Roads | 8,25,114 km |
| Complete Roads (दिसंबर 2025) | 7,87,520 km (95%) |
| Connected Habitations | 1,80,000+ |
| कुल Rural Roads (सभी phases) | ~8,00,000 km |
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) की विशेषताएं
- 100% Central Funding — PMGSY-I और III में केंद्र सरकार 60% (पहाड़ी/NE राज्यों में 90%), राज्य 40% (10%) देते हैं
- गुणवत्ता आश्वासन — 5 साल का maintenance period — अगर सड़क में defect है तो contractor ज़िम्मेदार
- Transparency — सभी roads का Online Monitoring Management System (OMMAS) पर real-time tracking
- Green Roads — Waste Plastic, Fly Ash जैसी technology से eco-friendly construction
- PM Gati Shakti Integration — PMGSY-IV में road alignment PM Gati Shakti portal से
OMMAS पर Track करें
PMGSY का OMMAS (Online Monitoring Management System) application pmgsy.dord.gov.in पर redirect हो गया है।
pmgsy.dord.gov.in पर जाकर:
- अपने जिले की सड़कों की progress देखें
- Sanctioned और completed roads की details
- State-wise, district-wise breakdown
“मेरी सड़क” App — अपनी गांव की सड़क ठीक करवाएं
PMGSY की “मेरी सड़क” App से आप अपनी गांव की सड़क की खराबी की complaint सरकार तक पहुंचा सकते हैं।
Step 1: Play Store पर “मेरी सड़क” search करें और download करें
Step 2: App open करें → भाषा select करें → Sign Up करें (नाम, Email, Mobile)
Step 3: Login करें → “Add Feedback” पर click करें
Step 4: खराब सड़क की Photo upload करें + description लिखें
Step 5: Area details, ज़िला, राज्य, Road Name, गांव का नाम भरें
Step 6: “Update Feedback” पर click करें — complaint registered
संबंधित योजनाएं
- VB-G RAM G (Rural Employment) 2026 →
- प्रधानमंत्री आवास योजना 2026 →
- जल जीवन मिशन 2026 →
- प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि 2026 →
- राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन 2026 →
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
PMGSY क्या है?
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना — 25 दिसंबर 2000 को शुरू हुई एक केंद्र प्रायोजित योजना, जो ग्रामीण बस्तियों को all-weather road connectivity देती है।
PMGSY-IV कब शुरू हुई?
11 सितंबर 2024 को Cabinet ने PMGSY-IV को मंजूरी दी — 2024-25 से 2028-29 के लिए।
PMGSY-IV का Budget कितना है?
₹70,125 करोड़ — केंद्र का ₹49,087.50 करोड़ और राज्य का ₹21,037.50 करोड़।
PMGSY-IV में कितनी km सड़कें बनेंगी?
62,500 किलोमीटर नई सड़कें और 25,000 असंबद्ध बस्तियों को connectivity।
25 साल में PMGSY की क्या उपलब्धि है?
7,87,520 किलोमीटर सड़कें पूरी — 8,25,114 km approved का 95%। 1,80,000+ बस्तियां जुड़ीं।
PMGSY का Official Portal क्या है?
pmgsy.dord.gov.in — (पुराना pmgsy.nic.in यहाँ redirect होता है)।
मेरी गांव की सड़क की complaint कहाँ करें?
“मेरी सड़क” App — Play Store से download करें और feedback दें।
PMGSY-IV में नई Technology क्या है?
Cold Mix Technology, Waste Plastic, Fly Ash, Steel Slag का उपयोग। Road alignment PM Gati Shakti Portal से।
PMGSY-IV से कितना रोज़गार मिलेगा?
40 करोड़ मानव-दिवस रोज़गार सृजन का लक्ष्य।
किन बस्तियों को PMGSY से जोड़ा जाता है?
मैदानी क्षेत्र में 500+ जनसंख्या, पहाड़ी/NE राज्यों में 250+, LWE ब्लॉकों में 100+ जनसंख्या वाली बस्तियां।
आधिकारिक स्रोत
PMGSY Portal — pmgsy.dord.gov.in
Cabinet Approval — PIB, 11 सितंबर 2024
NRIDA (National Rural Infrastructure Development Agency)
लेखक: सरिता मिश्रा — सरिता “सरकारी योजना” की मुख्य लेखिका हैं। वे केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं पर शोध करके उन्हें आसान हिंदी में समझाती हैं, ताकि हर आम परिवार ज़रूरी जानकारी आसानी से समझ सके। हर लेख आधिकारिक स्रोतों (PIB, मंत्रालय की वेबसाइट और सरकारी पोर्टल) से जाँचने के बाद ही प्रकाशित किया जाता है।
